पूर्व मध्य रेल के जीएम ने लिया था जायजा
फोटो पहचान पत्र रखना होगा जरूरी


Indian Railways: भारत-नेपाल के बीच ट्रेन सेवा शुरू करने को लेकर सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. पीएम मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउवा इस ट्रेन सेवा की शुरुआत दिनांक 02.04.2022 को नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से करेंगे. पूर्व मध्य रेल के सीपीआरओ वीरेन्द्र कुमार ने बताया कि भारत नेपाल रेल सेवा नव आमान परिवर्तित जयनगर-जनकपुर/कुर्था रेल लाईन पर यात्री सेवा का परिचालन पुनर्बहाल किया जाना सुनिश्चित हुआ है, जिसको लेकर जीएम अनुपम शर्मा ने इस रेलखंड का जायजा भी लिया है.

बता दें कि भारत और नेपाल के बीच निर्माणाधीन जयनगर-बिजलपुरा-बर्दीबास रेल परियोजना के प्रथम चरण में जयनगर-जनकपुर/कुर्था रेलखंड जयनगर-बिजलपुरा-बर्दीबास (69.08 किमी) रेल परियोजना का एक भाग है. सीपीआरओ ने कहा कि रेल सेवा शुरू होने के बाद भारत और नेपाल के बीच ट्रेन से यात्रा करने वाले भारतीय नागरिकों को यात्रा के दौरान पहचान पत्र रखना अनिवार्य होगा. यहां यह बताना आवश्यक होगा कि नेपाल में जाने के लिए पासपोर्ट की जरूरत नहीं पड़ती है.

इसी वजह से सरकार ने निर्धारित पहचान पत्रों में से जैसे- वैध राष्ट्रीय पासपोर्ट, भारत सरकार/राज्य सरकार/केंद्र शासित प्रदेश के प्रशासन द्वारा अपने कर्मचारियों के लिए जारी किए गए फोटोयुक्त पहचान पत्र, भारतीय चुनाव आयोग द्वारा जारी फोटो पहचान पत्र, नेपाल स्थित भारतीय दूतावास/भारतीय महावाणिज्य दूतावास द्वारा जारी किए गए इमरजेंसी सर्टिफिकेट/आइडेंटिटी सर्टिफिकेट, 65 वर्ष से अधिक और 15 वर्ष से कम आयु वर्ग के व्यक्तियों के पास उनकी उम्र और पहचान की पुष्टि के लिए फोटोयुक्त दस्तावेज जैसे – पैन कार्ड, ड्राईविंग लाइसेंस, सीजीएचएस कार्ड, राशन कार्ड इत्यादि होने चाहिए.

इसके अलावा, एक परिवार के मामले में किसी एक व्यस्क के पास उपर्युक्त 1 से 3 में वर्णित कोई एक दस्तावेज हो तो अन्य सदस्यों को परिवार से उनके संबंध दर्शाने वाले फोटो युक्त पहचान पत्र जैसे सीजीएचएस कार्ड, राशन कार्ड, ड्राईविंग लाइसेंस, स्कूल/कॉलेज द्वारा जारी आईडी कार्ड आदि रहने पे उन्हें यात्रा करने की अनुमति दी जा सकती है.

बिहार में वाल्मीकिनगर बॉर्डर पर एसएसबी के जवान गहन जांच के बाद ही आवागमन करने दे रहे हैं। इस दौरान अनजान या असामान्य व्यवहार करने वालों पर खास नजर रखी जा रही है। एसएसबी, वाल्मीकि नगर के कार्यवाहक सेनानायक अंजय कुमार रजक कहते हैं कि भारत-पाकिस्तान सीमा पर आतंकी गतिविधियों के मद्देनजर वाल्मीकिनगर बॉर्डर पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। आइडी प्रूफ दिखाने की अनिवार्यता भी इसी का हिस्सा है।

यदि आप नेपाल जाने या वहां से वापस भारत लौटने की सोच रहे हैं तो अपने साथ आइडी प्रूफ जरूर रख लें। बॉर्डर पार करते समय सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के जवान सख्ती से इसकी जांच कर रहे हैं। नेपाली नागरिकों को भी भारत में प्रवेश करने व यहां से लौटते वक्त नेपाल का पहचान पत्र दिखाना जरूरी होगा। पहचान पत्र की तस्वीर भी स्पष्ट होनी चाहिए।

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